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This is Prashant V Shrivastava and I write lyrics and poetry. Visit https://flightofpoetry.in for my short poetry and find all my released songs here: http://www.pecificcreation.com/category/lyrics/. For some exclusive poetry recited by me, watch my YouTube channel at https://www.youtube.com/channel/UCTEPv0Zzm0J6efsAr39uu7A.

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  • Rasm

  • रस्म

    बाक़ायदा मेरे ग़मों की
    हर शाम बज़्म होती है
    जिसमें तेरी यादें दोहराना
    एक लाज़मी सी रस्म होती है

  • Kitne Samandar

    कितने समंदर मिलाए मैने
    तब एक कतरा पाया तुम्हें

  • Daur-e-hijraaN

    दौर-ए-हिज्रां में कभी, वस्ल-ए-मुख्तसर भी हो
    लाख काँटों में कोई गुल सा मुअत्तर भी हो

  • Masroof

    ये सच है के
    कुछ दिनों से
    मसरूफ़ रहा हूँ मै
    मगर ये इल्ज़ाम
    ग़लत है के
    तुम्हें भूल गया हूँ मै

  • UdaasiyoN

    आम दिनों से ज़्यादा गहरे ज़्यादा सुर्ख़ होते हैं
    तुम ने उदास चेहरों के रंग पढ़े हैं कभी

  • Bangaali AankheiN

    क़ातिलाना, मेहर-ओ-बेरहमी है
    ख़ुशगुमानी, कभी ग़लत फहमी है
    उफ़्फ़! बंगाली आँखों की
    हर इक अदा, तिलस्मी है

  • Banjar

    मुहब्बत एक नशा है
    मुहब्बत एक नशा भी है
    दिल जिगर की बरबादी भी
    जहाँ एक बार अफ़ीम हो जाए
    वो ज़मीं बंजर हो जाती है

  • Paikar

    अंधेरों की तरफ़ देख कर
    अक्सर खामोशियाँ सुनता हूँ
    कोई मेरे ख़्वाब का पैकर है
    मै भी सपना किसी की आँख का हूँ

  • Jazbaat

    जज़्बात ख़ामोशियों की हदें
    तोड़ कर
    आगे बढ़े

    जिनके थे पर, वो बैठे रहे
    जिनके न थे
    बस वो उड़े