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  • Rukhsaar pe
    रूख़्सार पे जो भँवर का नज़ारा हुआ है फ़स्ल-ए-गुल बहाल हो, इशारा हुआ है अभी रोके रखना बहारों को आसमान पे अभी एक नाज़नीं को ज़मीं पे उतारा हुआ है
  • Yaa Kinara KareiN
    तुम्हें किस तरहा से पुकारा करें कोई नाम लें या इशारा करें तुम्हारी आँखों से जो रिश्ते हो चले हैं डूब के जाँ बचाएँ, या किनारा करें
  • Un Dino ki hai
    जब कहते थे मुहब्बत फ़क़त दो दिलों की है, ये तस्वीर उन्हीं दिनों की है
  • हैरत-ए-तन्हाई
    थक गया हूँ मै हर रोज़ की हैरत-ए-तन्हाई से इसकी आदत हो जाए तो कुछ आसानी हो
  • Kitne Khayaal Muntshir HaiN
    कितने ख़याल मुन्तशिर कितने ख़याल मुन्तशिर हैं मेरे छत की मुँडेर पर वो गली से गुज़रती है मै देखता सोचता रहता हूँ
  • Bekhayaali
    बेख़याली का आलम जब हो पैरों में आसमान हो जाता है जिसे इश्क़ नहीं भी हुआ हो उसे भी इश्क़ का गुमान हो जाता है
  • Chal chaand pe chalte haiN
    चल चाँद पे चलते हैं, एक गुलेल लेकर आज सितारों के शिकार का बड़ा मन है
  • मयखाने से
    ये शहर तेज़ तर्रार है चलता है आगे ज़माने से अपनी तैयारी पूरी है ले आओ सौदा मैखाने से
  • Rasm
  • रस्म
    बाक़ायदा मेरे ग़मों की हर शाम बज़्म होती है जिसमें तेरी यादें दोहराना एक लाज़मी सी रस्म होती है

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